@री डिस्कवर इंडिया न्यूज इंदौर
शराब ठेकेदार सूरज रजक को दैनिक भास्कर ने दिया “इंडिया प्राइड” का पुरस्कार?? बस यही धंधा बचा था!! अगला पुरस्कार किसी ड्रग्स माफिया को दिया जा सकता हैं?

शराब ठेकेदार सूरज रजक ऐसा क्या महान धंधा, व्यवसाय या उद्योग चलाते हैं कि केंद्र सरकार में केबिनेट मंत्री ( गुजरात के मनसुख मांडविया) के हाथों से बेशर्मी की हद तक व्यवसायिक मीडिया संस्थान दैनिक भास्कर” इंडिया प्राइड” टाइटल नाम का स्वघोषित पुरस्कार दिलवा दिया हैं??
वैसे भी गुजरात में शराब बंदी की वजह से इंदौर के शराब ठेकेदारों के लिए शराब तस्करी का धंधा हमेशा सोने की खान रहा हैं।
सूरज रजक की दो मुख्य योग्यताएं है सबसे पहली विशेषता है विधायक रमेश मेंदोला से उनकी नजदीकियां इस स्तर तक है कि इंदौर शहर में सूरज रजक की शराब की दुकानें और अवैध तरीके से चलने वाले अहाते को कई बार लोग दबी जबान से पर्दे के पीछे मेंदोला जी की ही मानते है!! और दूसरी विशेषता की वो मात्र कुछ सालों में इंदौर शहर के शराब ठेकेदारों में सबसे कम उम्र के सबसे बड़े ठेकेदार के रूप में जाने जाते है।
किसी भी मीडिया संस्थान द्वारा लाखों रुपए लेकर, भ्रष्ट, दागी, यहां तक कि अपराधी, शिक्षा माफियाओं, शराब और रियल एस्टेट माफियाओं मंत्रियों, मुख्यमंत्रियों से स्वघोषित मनचाहे उपलब्धि के टाइटल रखकर पुरस्कार देना पत्रकारिता नहीं सीधे सीधे ब्लैकमेलिंग का धंधा है। पुरस्कार पैसे से नहीं खरीदे जाते हैं।
@प्रदीप मिश्रा री डिस्कवर इंडिया न्यूज इंदौर
